Rice And Curd For Vitamin B12 And Good Bacteria: रोजाना दही और चावल ऐसे खाएं, विटामिन B12 बढ़े, गुड बैक्टीरिया सक्रिय हों और फैटी लिवर से राहत मिले

Rice And Curd For Vitamin B12 And Good Bacteria: आजकल लोगों को विटामिन B12 की कमी, विटामिन D की कमी, फैटी लीवर और पेट संबंधी समस्याएं सबसे ज्यादा परेशान कर रही हैं। इन समस्याओं की मुख्य वजह हमारी गलत खानपान की आदतें हैं। सही तरह से खाना न केवल स्वास्थ्य को बेहतर बनाता है बल्कि खाने के पोषक तत्वों के फायदे भी बढ़ाता है। आयुर्वेद में किण्वित (fermented) भोजन को स्वास्थ्य के लिए अत्यंत लाभकारी माना गया है।
किण्वित भोजन से बढ़े लाभ
दही और चावल पेट के लिए अच्छे माने जाते हैं। लेकिन अगर इन्हें सामान्य तरीके से खाया जाए तो लाभ उतना नहीं मिलता। यदि आप दही और चावल को रातभर किण्वित करके खाएं तो इसमें मौजूद अच्छे बैक्टीरिया की संख्या कई गुना बढ़ जाती है। यह आपके शरीर में विटामिन B12 की कमी को दूर करने में भी मदद करेगा। किण्वित चावल और दही से पाचन बेहतर होता है और पेट की बीमारियों से राहत मिलती है।

दही और चावल कैसे तैयार करें
इस प्रक्रिया के लिए मिट्टी का बर्तन सबसे अच्छा है। मिट्टी के बर्तन में उबला हुआ चावल डालें, थोड़ा पानी मिलाएं और ढककर रातभर रख दें। अगले दिन इसमें मिक्स किए हुए दही, एक लंबा कटा हुआ प्याज, एक लंबी कटी हुई हरी मिर्च और हरा धनिया डालें। इस मिश्रण को अच्छी तरह से मिलाएं। किण्वित चावल और दही तैयार हैं, जो स्वाद में भी लाजवाब होंगे और स्वास्थ्य के लिए भी लाभकारी हैं।
तड़का डालकर स्वाद और सेहत दोनों बढ़ाएं
अब एक पैन में एक चम्मच घी गर्म करें। घी गर्म होने पर उसमें जीरा, हींग, सूखी लाल मिर्च, करी पत्ता, बारीक कटी हरी मिर्च और एक लंबा और पतला कटा हुआ प्याज डालकर हल्का भूनें। इस तड़के को तैयार किण्वित चावल और दही पर डालें। इसमें स्वादानुसार काला नमक मिलाएं। इस तरह दही और चावल का सेवन न केवल स्वादिष्ट होता है बल्कि शरीर को सबसे अधिक स्वास्थ्य लाभ भी प्रदान करता है।
किण्वित दही और चावल के लाभ
रातभर किण्वित चावल और दही खाने से आपके शरीर में अच्छे बैक्टीरिया बढ़ेंगे। इससे पाचन बेहतर होगा, पेट की समस्याएं कम होंगी और विटामिन B12 की कमी को पूरा करने में मदद मिलेगी। आयुर्वेद में इसे अत्यंत लाभकारी माना गया है। नियमित सेवन से आपका इम्यून सिस्टम मजबूत होगा और शरीर में एनर्जी भी बढ़ेगी।



