BJP के नए BOSS नितिन नबीन: छत्तीसगढ़ की राजनीति से दिल्ली तक का सफर और अब बंगाल में बड़ी भूमिका

बीजेपी के नए राष्ट्रीय कार्यकारी अध्यक्ष बने नितिन नबीन आज पहली बार दिल्ली पहुंच रहे हैं। बिहार के पथ निर्माण और नगर विकास मंत्री नितिन नबीन को मात्र 45 साल की उम्र में यह जिम्मेदारी मिली है। यह नाम बीजेपी के लिए एक नई ऊर्जा और ताजा चेहरा माना जा रहा है। केंद्रीय नेतृत्व में उनकी बढ़ती पकड़ के पीछे छत्तीसगढ़ के चुनावी अभियान में मिली बड़ी सफलता है।
नितिन नबीन पटना के बांकीपुर से लगातार पांच बार विधायक चुने गए हैं। वे कायस्थ समाज से आते हैं, जो बिहार में अल्पसंख्यक समुदाय है। उनके पिता नवीन किशोर प्रसाद सिन्हा भी बीजेपी के कद्दावर नेता थे। पिता के निधन के बाद नितिन ने उनकी विरासत को आगे बढ़ाया है। पीएम मोदी ने नितिन की छह खूबियों — कर्मठता, युवा होने, संगठन का अनुभव, प्रभावी काम, समर्पण और विनम्रता — की प्रशंसा की है।
उनका राजनीतिक सफर खासकर छत्तीसगढ़ चुनाव से जुड़ा है। जब बीजेपी को हार का डर था, तब नितिन नबीन को प्रभारी बनाकर भेजा गया। उन्होंने बूथ स्तर पर रणनीति बदली और चुनाव में जीत दिलाई। इस कामयाबी ने उन्हें पार्टी के शीर्ष नेतृत्व की नजरों में ला दिया।
अब नितिन नबीन ही बंगाल, असम, तमिलनाडु और केरल के चुनावी अभियान का जिम्मा संभालेंगे। खास बात यह है कि बंगाल के भद्रलोक वर्ग में कायस्थ समुदाय की अच्छी पहुंच है। बीजेपी को उम्मीद है कि नितिन के नेतृत्व में पार्टी पश्चिम बंगाल के अभिजात वर्ग में भी अपनी पकड़ मजबूत करेगी।
नितिन नबीन की दिल्ली में जोरदार स्वागत की तैयारी चल रही है। उनकी कार्यशैली और युवा ऊर्जा बीजेपी को आगामी चुनावों में नई ताकत दे सकती है।


