मिशन शक्ति के तहत जागरूकता अभियान: माखी थाने की महिला कांस्टेबल ने विद्यार्थियों को सशक्तिकरण की दी सीख

माखी (गोझा), 16 अक्टूबर 2025: महिलाओं और बालिकाओं के सशक्तिकरण को मजबूत बनाने के उद्देश्य से चल रहे मिशन शक्ति अभियान के तहत आज माखी थाना की महिला कांस्टेबल सोनी देवी और नीतू यादव ने माँ गायत्री पी.के. विद्या मंदिर स्कूल में विद्यार्थियों को जागरूक किया। इस विशेष कार्यक्रम में स्कूल के प्रबंधक प्रमोद कुमार और प्रधानाचार्य चक्रवीर सिंह भी उपस्थित रहे। कार्यक्रम का आयोजन महिलाओं की सुरक्षा, आत्मरक्षा और सामाजिक जागरूकता पर केंद्रित था, जिसमें लगभग 200 से अधिक विद्यार्थियों ने भाग लिया।मिशन शक्ति उत्तर प्रदेश सरकार की एक प्रमुख पहल है, जो महिलाओं और बालिकाओं को हिंसा, शोषण और असुरक्षा से बचाने के लिए शुरू की गई है। इस अभियान के अंतर्गत पुलिस विभाग विभिन्न स्तरों पर जागरूकता कार्यक्रम आयोजित कर रहा है। माखी थाना इस दिशा में सक्रिय भूमिका निभा रहा है। सोनी देवी ने बताया कि मिशन शक्ति के चार प्रमुख घटक हैं – सशक्तीकरण, सुरक्षा, सम्मान और संवाद। उन्होंने कहा, “महिलाओं को अपनी ताकत पहचाननी चाहिए। घर से लेकर समाज तक हर जगह आत्मविश्वास के साथ आगे बढ़ना जरूरी है।” नीतू यादव ने बालिकाओं को संबोधित करते हुए कहा कि स्कूल ही वह जगह है जहां से सशक्तिकरण की नींव रखी जाती है। उन्होंने विद्यार्थियों को साइबर सुरक्षा, यौन शोषण से बचाव और आपातकालीन हेल्पलाइन नंबरों जैसे 1090 और 181 के बारे में विस्तार से जानकारी दी।
कार्यक्रम की शुरुआत माँ गायत्री के मंत्रोच्चार से हुई। सोनी देवी और नीतू यादव ने इंटरैक्टिव सत्र के माध्यम से विद्यार्थियों को आत्मरक्षा के बुनियादी कौशल सिखाए। उन्होंने डेमो के जरिए बताया कि कैसे संकट की स्थिति में मोबाइल फोन का उपयोग कर मदद मांगी जा सकती है। एक बालिका ने सवाल किया, “स्कूल में अगर कोई अनुचित व्यवहार हो तो क्या करें?” इस पर नीतू यादव ने तुरंत शिक्षकों और पुलिस से संपर्क करने की सलाह दी। कार्यक्रम में पोस्टर प्रदर्शनी भी लगाई गई, जिसमें मिशन शक्ति से जुड़े नारे और चित्र थे।
स्कूल प्रबंधक प्रमोद कुमार ने कहा, “यह कार्यक्रम हमारे विद्यालय के लिए बहुत उपयोगी है। हमारा प्रयास है कि बच्चे न केवल पढ़ाई में आगे बढ़ें, बल्कि सामाजिक मुद्दों पर भी जागरूक हों।” प्रधानाचार्य चक्रवीर सिंह ने धन्यवाद ज्ञापित करते हुए बताया कि स्कूल नियमित रूप से ऐसे कार्यक्रम आयोजित करता रहेगा। उन्होंने कहा, “मिशन शक्ति जैसे अभियान से नई पीढ़ी मजबूत बनेगी, जो समाज को बदलने में सक्षम होगी।”
विद्यार्थियों ने कार्यक्रम को सराहा। कक्षा 8की छात्रा अंशिका पाल ने कहा, “आंटी ने जो बताया, वह बहुत उपयोगी है। अब हम डरेंगे नहीं।” इसी तरह, कक्षा 6 का छात्र हिमांशू ने बताया कि पुरुष विद्यार्थियों को भी महिलाओं के सम्मान की सीख मिली। कार्यक्रम के अंत में कांस्टेबलों को सम्मानित किया गया।
यह अभियान न केवल ग्रामीण क्षेत्रों में महिलाओं की स्थिति सुधारने में मददगार है, बल्कि समग्र सामाजिक परिवर्तन का माध्यम भी बन रहा है। माखी थाना के एसएचओ ने बताया कि आने वाले दिनों में और भी स्कूलों में ऐसे कार्यक्रम होंगे। मिशन शक्ति के तहत अब तक जिले में सैकड़ों कार्यक्रम हो चुके हैं, जिनसे हजारों महिलाओं को लाभ पहुंचा है। विशेषज्ञों का मानना है कि ऐसे प्रयासों से अपराध दर में कमी आएगी और महिलाएं अधिक साहसी बनेंगी। ब्यूरो रिपोर्ट- हितेश कुमार, प्रमुख संवाददाता, जन संकल्प न्यूज


