अर्जेंटीना में आखिरी मुकाबले में Lionel Messi की आंखों में आंसू, दो गोल से दिलाई टीम को शानदार जीत

Lionel Messi: अर्जेंटीना की राजधानी ब्यूनस आयर्स के एस्टाडियो मोनुमेंटल में हुए विश्व कप क्वालीफायर फुटबॉल मैच में होस्ट टीम ने वेनेजुएला को 3-0 से हराकर शानदार जीत दर्ज की। लेकिन इस जीत के बावजूद अर्जेंटीना के खिलाड़ी और उनके प्रशंसक खुश नहीं थे। इसका सबसे बड़ा कारण था टीम के स्टार खिलाड़ी और कप्तान लियोनेल मेस्सी का अपने देश में आखिरी अंतरराष्ट्रीय मैच खेलना। इस मैच के बाद मेस्सी कभी भी अर्जेंटीना में अंतरराष्ट्रीय मैच नहीं खेलेंगे। इस दौरान उनके आंखों में आंसू थे और पूरा देश भावुक हो उठा।
— MEDIA (@M10Vid) September 5, 2025
मेस्सी ने दिखाई शानदार खेल की झलक
मेस्सी ने वेनेजुएला के खिलाफ मैच से पहले मैदान पर अपने बच्चों के हाथ पकड़कर प्रवेश किया। इस दौरान उनके आंखों में आंसू साफ दिखाई दे रहे थे। जैसे ही मैच शुरू हुआ, मेस्सी ने अलग अंदाज में खेल दिखाया। पहले हाफ में ही उन्होंने शानदार गोल करके टीम को 1-0 की बढ़त दिलाई। इस गोल के बाद दर्शक खुशी के मारे कूद पड़े और पूरे स्टेडियम में तालियों की गड़गड़ाहट गूंजी।
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दूसरे हाफ में धमाकेदार प्रदर्शन
दूसरे हाफ में लाउटारो मार्टिनेज ने मेस्सी के बेहतरीन पास से हेडर गोल करके बढ़त को दोगुना किया। लेकिन 4 सितंबर की रात पूरी तरह से एक खिलाड़ी के नाम थी। मैच के अंतिम क्षणों में थियागो आल्माडा ने विंग पर जगह बनाई और गेंद मेस्सी की ओर भेजी। मेस्सी ने उस गेंद को सीधे गोल में भेजा। यह गोल उनके देश में खेले गए आखिरी मैच का यादगार अलविदा था, जिसे केवल मेस्सी ही लिख सकते थे।
स्टेडियम में छलके भावनाओं के आंसू
जैसे ही मैच की अंतिम सीटी बजती, पूरा स्टेडियम रो पड़ा। मेस्सी खुद भी अपने आंसू रोक नहीं पाए। उन्होंने मैदान में मौजूद लगभग सभी लोगों को गले लगाया। इस दौरान मैनेजर लियोनेल स्कोलोनी और अन्य खिलाड़ी भी भावुक हो गए। उनके परिवार के सदस्य—पत्नी, बच्चे, माता-पिता और भाई-बहन—स्टैंड्स से यह पूरा दृश्य देख रहे थे और भावनाओं में डूब गए।
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मेस्सी को सम्मान और अलविदा
अर्जेंटीना के कोच लियोनेल स्कोलोनी ने भी माना कि उन्हें आंसू पोंछने पड़े। मैच के बाद सभी खिलाड़ी मेस्सी के चारों ओर इकट्ठा हुए और उन्हें गार्ड ऑफ ऑनर दिया। प्रशंसक भी “No te vayas, Leo (मत जाओ, लियो)” के नारे लगा रहे थे। यह रात न केवल मेस्सी के लिए बल्कि पूरे अर्जेंटीना के लिए यादगार बन गई, जिसने देशवासियों के दिलों में उनके योगदान और खेल की अमिट छाप को हमेशा के लिए दर्ज कर दिया।



